हमारे युवा उद्यमी

युवा उद्यमी चुनौती कोष का गठन युवा गतिशील लोगों को सहयोग देने के लिए किया गया है जो किसानों और ग्रामीण व्यवसायों की मदद करने के लिए, कृषि को युवाओं के लिए अधिक आकर्षक बनाने और ग्रामीण समुदायों में अधिक महिलाओं तक पहुंचने के लिए कृषि वीडियो का प्रसार करने को एक व्यवसाय बनाना चाहते हैं । उनके द्वारा प्राप्त सौर ऊर्जा चालित स्मार्ट प्रोजेक्टर किट में स्थानीय भाषाओं में एक्सेस एग्रीकल्चर वीडियो हैं, जिससे वे उन ग्रामीण क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर प्रभाव डालते हैं, जिनकी वे सेवा करते हैं। यहाँ, हमारे चुनौती निधि विजेताओं से मिलते हैं - ग्रामीण एक्सेस के लिए सच्चे उद्यमी ... 

कांगो
कैमरून
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नाइजीरिया
बांग्लादेश
बेनिन
भारत
मलावी
माली
मेडागास्कर
युगांडा
रवांडा
लाइबेरिया

Ivory Coast

कोनन एनगुसेन रिचमंड
उद्यमिता के लिए उनका जुनून 2017 में एक सम्मेलन के बाद शुरू हुआ जब वह एक छात्र थे । अपने सहयोगियों के साथ मिलकर काम करते हुए, उन्होंने स्टार्ट-अप "फैंग ग्रुप" (कृषि परियोजनाओं के डिजाइन और कार्यान्वयन में विशेषज्ञता) की सह-स्थापना की। वे एक छात्र-उद्यमी बन गया और INP-HB (इंस्टीट्यूट नेशनल पॉलिटेक्निक Fllix Houphouët Boigny de Yamoussoukro) के उद्यमिता क्लब में शामिल हो गया, जहां वे 2018 से सामुदायिक प्रबंधक हैं। कृषि इंजीनियरिंग में डिप्लोमा प्राप्त करने के बाद, उन्होंने कंपनी Société Africaine de Plantations d'Hévéas (SAPH) में शामिल हो गए। जहां वे वर्तमान में एक पादप रोगविज्ञ के रूप में काम कर रहे है, वहीं अपने उद्यमिता परियोजनाओं को जारी रखते हुए अपने समुदाय की मदद कर रहे है।

Uganda

एड्रिको नीग्रो साइमन
अपने परिवार के खेत में पले-बढ़े और उन्हें अपने परिवार के साथ कृषि कौशल प्रशिक्षण और व्यावहारिक अनुभव का अवसर मिला। वहां से उन्होंने कृषि के लिए अपना जुनून विकसित किया। बाद में उन्होंने युगांडा मार्टियर्स यूनिवर्सिटी से कृषि में स्नातक उपाधि प्राप्त की। । उनके पास सस्य विज्ञान और आजीविका में काम करने का वर्षों का अनुभव है। उनके अनुभव में पर्यावरण के क्षेत्र में वर्ल्ड विजन युगांडा में काम करना शामिल है। अब वह युगांडा के पश्चिम नील क्षेत्र में शरणार्थी बस्तियों में दक्षिण सूडान और कांगो के ग्रामीण किसानों और शरणार्थियों के लिए वीडियो कार्यक्रम दिखाने में सक्रिय रूप से शामिल है। प्रशिक्षण ज्यादातर सब्जियों, खेतों की फसलों और पर्यावरण संरक्षण के लिए है। प्रतिभागी वास्तव में नई तकनीकों को अपना रहे हैं और उन्हें अपने घर के बगीचों और खेतों में लागू कर रहे हैं।

Benin

गौरौबा मोरी
बेनिन के परकोउ विश्वविद्यालय से कृषि अर्थशास्त्र में मास्टर डिग्री प्राप्त है। उन्होंने बेनिन में विस्तार और कृषि सलाह के क्षेत्र में दो गैर-सरकारी संगठनों (DEDRAS-ONG और CANAL DEVELOPPEMENT) में 5 साल तक काम किया। वह वर्तमान में अफ्रीका में ISADA-Consulting (ICTs फॉर सस्टेनेबल एग्रीकल्चर डेवलपमेंट) के सदस्य है, जिसका उद्देश्य अफ्रीका में कृषि में क्रांति लाने के लिए नई सूचना और संचार तकनीकों, जैसे कृषि प्रशिक्षण वीडियो का उपयोग करना है।

India

कुमार नीरज
‘क्रांति का बीजारोपण होगा! ' कुमार नीरज ने 2017 में अपने गांव दुरडीह में प्रचलित लाभहीन कृषि प्रणाली को रूपांतरित करने की अद्भुत कल्पना के साथ संगठन की सह-स्थापना की थी जिसमें एकल कृषि से पारिस्थितिक कृषि वानिकी जंहा फसलों के विविधीकरण का स्वागत किया गया है। बचपन से ही उन्हें ग्रामीण जीवन का जुनून रहा है, जो उन्हें प्राकृतिक वातावरण के अधिक टिकाऊ और समावेशी लगता है। उन्होंने महसूस किया कि अब उनका गांव किसी भी तरह से आत्म-टिकाऊ नहीं रहा है। लोग शहरों की ओर पलायन कर रहे हैं और नई पीढ़ी के पास सभी बुनियादी संसाधन होने के बावजूद खेती में दिलचस्पी नहीं है। इसलिए, अपने अध्ययन के बाद, उन्होंने अपने ही गांव में “खेती” की स्थापना की, जो मुख्य रूप से कृषि वानिकी पर ध्यान केंद्रित करते हुए सामुदायिक विकास परियोजनाओं का संचालन करती है।

परिवर्तन सृष्टिकर्ता

नीरज कुमार, भारत

नीरज का संगठन ‘खेती’- किसानों और ग्रामीण समुदाय के लिए सामुदायिक विकास और प्रशिक्षण कार्यक्रमों पर केंद्रित है। इसने पारिस्थितिक कृषि व्यवसाय को बढ़ावा देकर ग्रामीण बिहार में खेती को टिकाऊ और लाभदायक बनाने के लिए एक किसान केंद्रित हस्तक्षेप मॉडल पेश किया है।

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नीरज के काम पर एक वीडियो देखें  यंहा 

 

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